बैशाख पूर्णिमा - श्रीमती भागीरथी पाण्डेय जी

 📝प्राथमिक शिक्षकों की अपनी साहित्यशाला हिम मन मन्थन में बैशाख पूर्णिमा के परिप्रेक्ष्य में प्रस्तुत है, आज जनपद- नैनीताल से शिक्षिका बहिन श्रीमती भागीरथी पाण्डेय जी द्वारा रचित कविता-:


वैशाख पूर्णिमा


वैशाख पूर्णिमा के दिन हुए अवतरित,

भगवान बुद्ध, विष्णु के नौवें अवतार।

इसी दिन बुद्धत्व की प्राप्ति भी हुई,

और इसी दिन हुआ महापरिनिर्वाण।।


जन्म, मरण, दुखों से मुक्ति पाने,

सत्य, दिव्य, ज्ञान की खोज करने।

छोड़कर पत्नी, पुत्र और राजपाठ, 

निकल पड़े घर से राजकुमार।।


किया कठोर तप बोधगया में,

बोधिवृक्ष के नीचे पाया बुद्धत्व ज्ञान।

वर्षों की कठोर साधना के पश्चात,

सिद्धार्थ गौतम बन गए बुद्ध भगवान।।



इसीलिए अति उत्तम, पवित्र, पावन,

है वैशाख पूर्णिमा का यह दिन।

धूमधाम से मनाया जाता है, 

बुद्ध पूर्णिमा के रूप में यह दिन।।


🙏 रचना-:

भागीरथी पाण्डे,(प्र०अ०)

रा० प्रा० वि० परमा, 

ब्लॉक हल्द्वानी, नैनीताल


🙏संकलन :-टीम मिशन शिक्षण संवाद गढ़वाल-कुमाऊँ, उत्तराखण्ड

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